15/03/2014

आज बिरज में होरी है रसिया


लड्डू और रंगीली होरी कू जुङवे लगौ है रसिकन कौ मेला. आज बरसाने के मान मंदिर में लड्डू मार होरी होगी. लठमार (रंगीली) होरी ते एक दिना पहले होवे है लड्डू होरी. आज है काये होरी खेरने के काजे राधा रानी के गाम बरसाने ते सखी नंदगाव के रसियन्ने न्यौतने जावे. न्यौतो स्वीकार कर रसिया लाडलीजी के मंदिर आऐगो और फिर बिन्न के स्वागत में लड्डू बरसाऐंगीं बरसाने की हुरियारण.


 

जाके काजे टनो...ं लड्डू तईयार है रहे हैं ब्रज में. लाडली जी कौं मंदिर ऊ फाग कू तैयार है रह्यो है. रंगीली के लें टेसू के फूल भिजोए गए हैं. येई रंग की पिचकारी की धार रसिकन पर छोड़ी जायेगी.

जा बखत होरी के मारे ऐसा माहोल हो जावे की बूढी ऊ जवान है जावें अपये श्याम संग होरी खेलवे ऐ तो वे अपौ सोभाग्य मानै हैं. देश के कोने कोने ते श्यामा संग होरी खेलने कू श्री जी के धाम मैं इक्कठे हे रहे हैं. कछु ने वृन्दावन के आश्रमंन मैं डेरा डालौ है तो कछु बरसाने की धर्म्शालन में  ठहरे हैं.



जा बार तो आप आये न सके, पर आगली बार जा होरी के अनंदये जरुर उठामै.

"होरी में है गयौ झगरो, सखियन ने मोहन पाकरौ "

जय श्री राधे .


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इमेज कर्टसी गूगल 

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